अंडे खाने के फायदे – Anda Khane Ke Fayde

अंडे खाने के फायदे बहुत सारे हैं, जिन्हें समझना और फिर तदनुसार अंडा खाना बेहद लाभदायक सिद्ध हो सकता है। आइए, इस लेख के माध्यम से जानते हैं अंडे खाने के फायदे क्या-क्या हैं। साथ ही जानें कि अंडा खाने से क्या नुकसान मुमकिन हैं।

पानी के बाद शरीर के ऊतकों को जिस पदार्थ की आवश्यकता सबसे अधिक होती है, वो है प्रोटीन। समुचित शारीरिक विकास व मांसपेशियों के निर्माण और रख-रखाव में प्रोटीन की अहम भूमिका होती है। डॉक्टरों के अनुसार प्रोटीन की औसत मात्रा प्रतिदिन 40-60 ग्राम के बीच है, जबकि हमारे देश में 80% लोग ऐसे हैं जो कुपोषण के शिकार है। इसलिए हमे चाहिए कि हम अपने आहार में रोजाना उचित मात्रा में प्रोटीन लें।

यदि आप शाकाहारी हैं तो सभी प्रकार की दालें, सोयाबीन व दूध से बने पदार्थों से प्रोटीन की कमी पूरी कर सकते हैं। परंतु मांसाहारीयों के लिए मांस व अंडा अतिरिक्त विकल्प हैं।

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अंडा प्रोटीन के प्रमुख स्रोतों में से एक है। एक बड़े अंडे के अंदर लगभग 8.6 ग्राम प्रोटीन की मात्रा पाई जाती है। अंडे का सफ़ेद भाग प्रोटीन से बना होता है जबकि इसके पीले भाग में प्रोटीन के अतिरिक्त विटामिन ए, बी 6 व बी 12, जिंक और फ़ॉलिक एसिड पाया जाता है। इतने सारे पोषक तत्वों के गुणों से भरपूर अंडे को दूध की तरह एक पूर्ण आहार कहना गलत न होगा।

वैसे तो हर उम्र के व्यक्तियों के लिए अंडा खाना लाभदायक है परंतु शारिरिक श्रम करने वालों, गर्भवती महिलाओं और बढ़ते बच्चों को अंडा खाने से उनके शरीर को सभी ज़रूरी पोषक तत्व मिलते हैं। अक्सर लोगों को गलतफहमी होती है कि अंडे की तासीर गर्म होती है इसलिए गर्मियों में अंडे नहीं खाने चाहिए, परन्तु आधुनिक विज्ञान के अनुसार ये सिर्फ एक भ्रम है। प्रोटीन की जरूरत शरीर को हर दिन होती है इसलिए आप रोजाना अंडे खा सकते है।

सुबह नाश्ते में अंडे का सेवन सबसे उचित माना गया है क्योंकि पूरे दिन की दौड़-भाग के लिए शरीर को शक्ति व् स्फूर्ति की जरूरत होती है और अंडे के पौष्टिक तत्व इस जरूरत को पूरी करते है। अंडे खाने से हमारे बाल और त्वचा को पर्याप्त मात्रा में पोषण मिलता है। अंडे के प्रोटीन शरीर को सबल व पुष्ट बनाते हैं। अंडा खाने से प्रोटीन की कमी से होने वाले कई तरह के रोगों को दूर किया जा सकता है।

अंडे खाने के अनेक ऐसे लाभ हैं जिनके बारे में हम आपको इस लेख में विस्तार से बताएंगे। तो आइए, जानते है कि अंडे खाना हमारे लिए क्यों फायदेमंद है।

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बच्चे बनें हृष्ट-पुष्ट व ताकतवर

जैसा कि हमने लेख के आरंभ में बताया कि अंडे प्रचुर प्रोटीन का स्रोत हैं। कई बार देखा गया है कि कम वज़न के साथ पैदा हुए बच्चे जन्म के कुछ वर्षों तक शारीरिक रूप से निर्बल रहते हैं। विटामिन ए, बी, ई, फोलेट, थियामिन, फोस्फौरोस व जिंक के गुणों से भरपूर अंडे संपूर्ण पौष्टिक आहार हैं। बच्चों को अधिक ऊर्जा की आवश्यकता होती है और साथ ही इस उम्र में बच्चे का शारीरिक व मानसिक विकास बड़ी तेज़ी से होता है इसलिए उन्हें रोजाना अंडे खिलाएँ।

  • छः से आठ माह के बच्चों को प्रतिदिन एक अंडा खिला सकते हैं।
  • 6-12 की उम्र के बच्चो को 2 से 4 अंडे रोज़ खिलाना उनकी काफ़ी पोषक आवश्यकताओं की पूर्ती करेगा।

समुचित मानसिक विकास के लिए

बढ़ते हुए बच्चों को दिमागी विकास के लिए लौह तत्वों यानी आयरन की जरूरत होती है। एक अंडे में लगभग 0.6 मिलीग्राम लौह तत्व होता है। एक शोध के अनुसार जिन बच्चों को भोजन में प्रतिदिन अंडे दिए जाते हैं, उनका मानसिक विकास अंडे ना खाने वाले बच्चों के मुकाबले काफी अधिक तेज़ी से होता है। अंडे के पीले भाग में कोलाइन होता है जो दिमागी कोशिकाओं को सक्रिय रखता है। इसके अलावा अंडे में हेल्दी फैट्स होते हैं जो बच्चों को अंदर से मज़बूत बनाते हैं।

हृदय रोगों में अंडे खाने के फायदे

अंडे में उसी प्रकार के सेचुरेटेड फैट्स होते हैं जैसे मक्खन व घी में पाए जाते हैं। जिन लोगो को हाई कोलस्ट्रोल या किसी भी प्रकार के हृदय सम्बंधी रोग हैं, उन्हें अंडे का सेवन अपने डॉक्टर की सलाह से ही करना चाहिए। इसका कारण यह है कि ऐसी हालत में अंडा खाने से नुकसान मुमकिन है। अमूमन एक अंडे में करीब 200 मिलीग्राम कोलस्ट्रोल होता है। अंडे में ओमेगा 3 फैटी एसिड्स होते हैं जो गुड कोलस्ट्रोल माना जाता है। हृदय रोगियों को अंडे के साथ अन्य वसायुक्त भोजन लेने से बचना चाहिए। जैसे कि–

  • यदि आप मांसाहारी हैं और आपका कोलस्ट्रोल लेवल हाई है तो 1 अंडे का केवल सफ़ेद भाग खाएँ।
  • शाकाहारी लोग अपने भोजन में रोजाना दो अंडे संपूर्ण खा सकते हैं।
  • डाइबीटीज़ के रोगियों को दिन में दो से अधिक अंडे नहीं खाने चाहिए।

ब्लड प्रेशर रोगियों के लिए अंडे का सेवन

यह एक भ्रम है कि अंडे के सेवन से ब्लड प्रेशर बढ़ता है। दरअसल अंडे के प्रोटीन में पैपटाइड्स नामक तत्व मिलता है जो एक प्रकार से ब्लड प्रेशर को नियंत्रण में रखने में मदद करता है। अंडे में गुड फैट्स होते हैं जो हमारे शरीर को पोषण देते हैं और शरीर को ऊर्जा के लिए किसी ना किसी रूप में वसा की आवश्यकता पड़ती है। इसलिए किसी भी अन्य वसायुक्त भोजन के बदले अंडे का सेवन बल्ड प्रेशर के रोगियों के लिए काफी फायदेमंद है।

आँखों की रौशनी बढ़ाता है अंडा

अंडा खाने का फायदा यह भी है कि इसका रोजाना सेवन ना सिर्फ आँखों को स्वस्थ व चमकदार रखता है बल्कि अंधेपन की बीमारी से भी बचाता है। अंडे में विटामिन ए सर्वाधिक मात्रा में पाया जाता है। अंडे में पीले भाग में ल्यूटिन नामक कैरोटीन होता है जो आँखों की मांसपेशियों को क्षतिग्रस्त होने से रोकता है जिससे आँखों की रौशनी लंबे समय तक बनी रहती है। अंडे का रोजाना सेवन रतौंधी, मोतियाबिंद व बढ़ती उम्र में आँखों में सूखापन आना जैसे कई रोगों से बचाव करता है। अंडे में कई तरह एंटी-ओक्सिडेंट तत्व होते हैं जो सूरज की हानिकारक किरणों से हमारी आँखों की रक्षा करने में सक्षम है।

रोजाना अंडे का सेवन वजन रखे नियन्त्रण में

यदि आप बढ़ते वजन को काबू में रखना चाहते हैं तो प्रतिदिन नाश्ते में अंडे खाएँ। अंडे के प्रोटीन शरीर में आसानी से घुलनशील होते हैं जिससे शरीर की प्रोटीन की आवश्यकता पूरी हो जाती है। नियमित अंडे खाने वालों का वज़न उन लोगों की तुलना में अधिक तेज़ी से घटता है जो अंडे नहीं खाते। अंडे में मौजूद प्रोटीन शरीर की कैलोरी पाचन क्षमता को नियन्त्रण में रखते हैं जिससे हमें जल्दी भूख नहीं लगती और मेटाबोलिज्म 15-30% तक बढ़ जाता है। इससे शरीर की अनावश्यक चर्बी घटने में मदद मिलती है।  

  • वजन घटाने के लिए तले हुए अंडो के बजाए उबले अंडे खाएँ।
  • सुबह नाश्ते में अंडे खाने से दिन भर स्फूर्ति व ऊर्जा बनी रहती है।
  • शारीरिक व्यायाम करने वालों के लिए अंडे प्रोटीन का सबसे अच्छा व सस्ता स्रोत हैं।

अंडे से करें बालों व त्वचा की उचित देखभाल

प्रोटीन हमारे शरीर के ऊतकों को पोषण देने और मरम्म्त करने के काम आता है। अंडे में प्रोटीन बहुतायत में होता है इसलिए रोजाना इसके सेवन से त्वचा में कसावट बनी रहती है और बालों को भी पोषण मिलता है। यदि आपकी त्वचा रूखी हो रही है या झुर्रियों की समस्या है तो आपको विटामिन ए की जरूरत है जिसे आप अंडे से प्राप्त कर सकते हैं। अंडे का नियमित सेवन बालों और त्वचा की अधिकतर समस्याओं से छुटकारा दिलाता है।

दो अंडो की जर्दी 2 चम्मच ऑलिव ऑइल के साथ मिलाकर सर की त्वचा में 20 मिनट तक लगाने के बाद पानी से धो दें। नियमित प्रयोग से बालों का झड़ना रुकेगा और बालों का रूखापन भी समाप्त होगा।

  • अंडा का सफ़ेद हिस्सा फेंटकर बालों में लगाने से बाल घने और चमकदार बनते हैं।
  • अंडा और ताज़ा दही मिलाकर बालों पर लगाने से बालों की अच्छी कंडीशनिंग हो जाती है।
  • अंडे की सफ़ेदी का लेप चेहरे पर लगाने से ढीली पड़ी त्वचा में कसावट आती है।
  • त्वचा को रेशम सा मुलायम बनाने के लिए शहद और अंडे का लेप चेहरे व गर्दन पर लगाएँ।

स्वस्थ व मज़बूत हड्डियों के लिए रोज़ खाएँ अंडे

हमारी हड्डियाँ जीवित ऊतकों का ढांचा है जो एक प्रकार के प्रोटीन कोलाजन, फास्फोरस, कैल्शियम आदि से बने होते हैं। अंडे की जर्दी में विटामिन डी की भरपूर मात्रा होती है जो हड्डियों को मजबूती और लचीलापन देती है, जिससे हड्डियों को सुचारू रूप से चलने में मदद मिलती है।

गर्भावस्था में अंडे का सेवन

गर्भावस्था में अंडे खाने के फायदे बहुत-से हैं। गर्भवती महिलाओं को डॉक्टर अंडे खाने की सलाह देते हैं क्योंकि अंडो में सभी विटामिन पाए जाते हैं जो गर्भस्थ शिशु के विकास के लिए आवश्यक हैं। यदि गर्भवती स्त्री रोजाना अपने भोजन में अंडे का सेवन करती है तो गर्भ में पलने वाले शिशु के दिमागी विकास के लिए पर्याप्त मात्रा में एमिनो एसिड और कोलाइन मिलेगा। इसके अलावा अंडे के प्रोटीन और कैल्शियम गर्भस्थ शिशु की हड्डियों के लिए भी काफी अच्छा है।

बढ़ती उम्र में अंडे के सेवन से स्वास्थ्य लाभ

अंडे का सेवन सिर्फ बच्चों के लिए ही नहीं बल्कि बड़ी उम्र के व्यक्तियों के लिए भी बहुत फायदेमंद है। उम्र बढ़ने के साथ आँखों की रौशनी कम होती जाती है और हड्डियां कमज़ोर होने लगती हैं। इसलिए बढ़ती उम्र में खान-पान का उचित ध्यान रखना पड़ता है। क्योंकि अंडे के सेवन से शरीर की अधिकांश पोषक तत्वों की आवश्यकता पूरी होती है। बुजुर्गों को रोज़ कम से कम दो अंडे अवश्य खाने चाहिए।

तो ये हैं अंडे खाने के फायदे जो हमें कई तरह की बीमारियों से बचाते हैं। हम आशा करते हैं आप भी अपने भोजन में अंडो के नियमित सेवन से स्वास्थ्य लाभ प्राप्त करेंगे।

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सन्दीप शाह

सन्दीप शाह दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक हैं। वे तकनीक के माध्यम से हिंदी के प्रचार-प्रसार को लेकर कार्यरत हैं। बचपन से ही जिज्ञासु प्रकृति के रहे सन्दीप तकनीक के नए आयामों को समझने और उनके व्यावहारिक उपयोग को लेकर सदैव उत्सुक रहते हैं। हिंदीपथ के साथ जुड़कर वे तकनीक के माध्यम से हिंदी की उत्तम सामग्री को लोगों तक पहुँचाने के काम में लगे हुए हैं। संदीप का मानना है कि नए माध्यम ही हमें अपनी विरासत के प्रसार में सहायता पहुँचा सकते हैं।

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